लक्सर। पुलिस अधीक्षक रेलवे उत्तराखंड अरुणा भारती के निर्देशन में जीआरपी लक्सर को बड़ी कामयाबी मिली है। थानाध्यक्ष रचना देवरानी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने चलती ट्रेन में महिला के कुंडल लूटने की घटना को अंजाम देने वाले तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों से लूटा गया कुंडल भी बरामद कर लिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 9 मार्च 2026 को बबीता पत्नी अशोक कुमार निवासी सहारनपुर ने जीआरपी थाने में तहरीर दी थी कि वह सहारनपुर-मुरादाबाद पैसेंजर ट्रेन से यात्रा कर रही थीं। जैसे ही ट्रेन लंढोरा स्टेशन के पास पहुंची, दो अज्ञात युवक उनके कान से कुंडल छीनकर चलती ट्रेन से कूदकर फरार हो गए।
घटना के बाद पुलिस अधीक्षक रेलवे के निर्देश पर थानाध्यक्ष रचना देवरानी ने तत्काल टीम गठित कर जांच शुरू की। टीम ने मैनुअल पुलिसिंग व सुराग जुटाने के आधार पर लगातार प्रयास करते हुए 25 मार्च 2026 को तीनों आरोपियों को थाना क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे लंबे समय से ट्रेनों में चोरी और लूट की वारदातों को अंजाम देते आ रहे हैं। पकड़े जाने से बचने के लिए वे घटनाओं के वक्त मोबाइल फोन घर पर छोड़ देते थे और सीसीटीवी की नजर से बचने के लिए धीमी गति वाली जगहों से ट्रेन में चढ़ते और उतरते थे। लूट का सामान राह चलते लोगों को बेचकर रकम आपस में बांट लेते थे।
गिरफ्तार बदमाशों की पहचान सलमान उर्फ टीनू पुत्र स्व. महबूब निवासी भलस्वा ईसापुर थाना नागल सहारनपुर, लोकेश कश्यप पुत्र प्रकाश निवासी भलस्वा ईसापुर थाना नागल सहारनपुर और विकास कश्यप पुत्र सुरेश उर्फ काका निवासी तहहेड़े बुजुर्ग थाना देवबंद सहारनपुर के रूप में हुई है। तीनों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है और वे पहले भी विभिन्न मामले में जेल जा चुके हैं।
गिरफ्तारी टीम में थानाध्यक्ष रचना देवरानी, एसआई प्रीति सैनी चौकी प्रभारी रुड़की, एएसआई अतुल चौहान, कांस्टेबल सोनू, सुनील, आशीष, मुनेश, अमित, चंद्रकिरण व मनोज (एसओजी) शामिल रहे। पुलिस ने तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
