हरिद्वार। हरिद्वार ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के मोहम्मदपुर कुन्हारी गांव में एसआईआर के दौरान जीवित मतदाताओं को मृत दर्शाकर आपत्ति दर्ज कराने का मामला सामने आया है। विधायक अनुपमा रावत ने प्रेस वार्ता कर मामले को गंभीर बताते हुए आपत्तियों की निष्पक्ष जांच और गलत सूचना देने वालों की जवाबदेही तय करने की मांग की।

विधायक ने बताया कि क्षेत्र में बड़ी संख्या में ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें जीवित मतदाताओं को मृत दर्शाकर उनके नाम पर आपत्ति दर्ज की गई है। कुछ मामलों में स्वयं मतदाता को ही उसके नाम पर दर्ज आपत्ति का शिकायतकर्ता दर्शाया गया है। उन्होंने सवाल उठाया कि कोई व्यक्ति अपने ही नाम पर आपत्ति कैसे दर्ज कर सकता है। ऐसे मामलों से मतदाताओं और उनके परिजनों में चिंता है।
अनुपमा रावत ने कहा कि एसआईआर प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी है, ताकि कोई पात्र मतदाता अपने मताधिकार से वंचित न हो। आपत्ति दर्ज कराने वाले की भी जवाबदेही तय होनी चाहिए। जांच में आपत्ति गलत पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने बताया कि मामले से उच्च अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है और जल्द ही जिलाधिकारी से इस संबंध में वार्ता करेंगी।
उन्होंने कहा कि सभी पात्र व्यक्तियों के वोट मान्य होंगे। वह प्रत्येक मतदाता के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी हैं। किसी भी पात्र मतदाता का नाम गलत तरीके से मतदाता सूची से नहीं हटने दिया जाएगा।
पूर्व प्रधान ताहिर हसन ने कहा कि किसी मतदाता को मृत दर्शाकर आपत्ति दर्ज की जाती है तो उसके समर्थन में प्रमाण भी मांगा जाना चाहिए। केवल आपत्ति के आधार पर पात्र मतदाता का नाम हटाने की प्रक्रिया नहीं होनी चाहिए।
मतदाताओं ने प्रशासन से प्रत्येक आपत्ति की उपलब्ध दस्तावेजों और तथ्यों के आधार पर जांच कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में सुधार के साथ प्रत्येक योग्य नागरिक का मताधिकार सुरक्षित रहना चाहिए।
इस दौरान पूर्व प्रधान ताहिर हसन, सलीम खान, मेहरबान अली, गुलजार, दिलशाद, इस्तकार प्रधान, संदीप सैनी, यूनुस, मुजम्मिल, एडवोकेट सलमान, शाहिद, मोहम्मद नोशाद, युसूफ, परवेज आदि मौजूद रहे।