हरिद्वार ग्रामीण क्षेत्र में बिजली बिल, बढ़ते सरचार्ज और स्मार्ट मीटर के विरोध को लेकर जनआंदोलन की तैयारी तेज हो गई है। अनुपमा रावत ने घोषणा की है कि जनहित से जुड़े इस मुद्दे पर जल्द व्यापक पदयात्रा निकाली जाएगी, जिसकी शुरुआत ग्राम पंजनहेड़ी से की जाएगी। पदयात्रा के माध्यम से गांव-गांव जाकर लोगों को अभियान से जोड़ने और उनकी समस्याएं सुनने का कार्यक्रम तय किया गया है।
इस अभियान को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का समर्थन प्राप्त है।

विधायक अनुपमा रावत का कहना है कि प्रदेश में बिजली उपभोक्ता बढ़े हुए बिल, सरचार्ज और पेनल्टी से परेशान हैं। उनका आरोप है कि सरकार एक ओर स्मार्ट मीटर पर रोक संबंधी आदेश जारी करने की बात करती है, वहीं दूसरी ओर जमीनी स्तर पर अब भी स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं, जिससे लोगों में भ्रम और नाराज़गी है।

अभियान के तहत “सरचार्ज माफ़ करो, बिजली बिल हाफ़ करो, स्मार्ट मीटर साफ़ करो” के नारे के साथ जनसंपर्क किया जाएगा। विधायक अनुपमा रावत के अनुसार लगातार बढ़ते बिजली बिलों ने मध्यम और निम्न आय वर्ग के परिवारों का घरेलू बजट बिगाड़ दिया है और कई उपभोक्ता बकाया व सरचार्ज के बोझ से आर्थिक दबाव में हैं।

पदयात्रा के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ता घर-घर संपर्क कर लोगों से फीडबैक लेंगे। इसके बाद समस्याओं और मांगों को शामिल करते हुए एक ज्ञापन तैयार कर संबंधित अधिकारियों और सरकार को सौंपा जाएगा। कांग्रेस का कहना है कि पूर्व में कांग्रेस सरकारों ने समय-समय पर बिजली बिलों में छूट देकर जनता को राहत दी, जबकि वर्तमान व्यवस्था में राहत के बजाय वसूली पर अधिक ज़ोर दिया जा रहा है।
स्थानीय स्तर पर पदयात्रा की तैयारियां जल्द शुरू कर दी जायगी और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर जल्द ही निर्णय लिया जाएगा। कांग्रेस पार्टी पदाधिकारी ने संकेत दिए हैं कि यदि मांगों पर सुनवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।


